गोंडा l जिले में प्रशासन ने ऐतिहासिक 200 साल पुराने संगत मंदिर को कब्जे से मुक्त कराकर एक बड़ी कार्रवाई की। डीएम नेहा शर्मा के नेतृत्व में यह अभियान चलाया गया, जिसमें मोहल्ला इमामबाड़ा स्थित इस ऐतिहासिक मंदिर को अवैध कब्जेदारों से छुड़ाया गया।

मंदिर पर लंबे समय से टीन शेड डालकर कब्जा किया गया था, और इसके आसपास कूड़ा-कचरा जमा कर रखा गया था। शिकायत मिलने पर डीएम नेहा शर्मा ने तुरंत मामले का संज्ञान लिया और पुलिस एवं नगर पालिका के सहयोग से कार्रवाई की।

डीएम की सख्त चेतावनी

मंदिर को कब्जा मुक्त कराने के दौरान डीएम नेहा शर्मा ने स्पष्ट चेतावनी दी कि धार्मिक स्थलों पर अवैध कब्जा करने वालों को सख्त कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में कोई भी दोषी बख्शा नहीं जाएगा।

मंदिर कमेटी ने जताया आभार

मंदिर को कब्जामुक्त कराने के बाद मंदिर कमेटी ने डीएम और प्रशासन का आभार व्यक्त किया। उन्होंने इस कार्रवाई को ऐतिहासिक बताया और इसे धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहरों के संरक्षण के लिए एक अहम कदम कहा।

गोंडा की इस कार्रवाई को संभल मामले से जोड़कर देखा जा रहा है, जहां मंदिरों पर अवैध कब्जे के मामले सामने आए थे। यह कार्रवाई यह संदेश देती है कि प्रशासन अब धार्मिक स्थलों पर अतिक्रमण को लेकर बेहद सख्त है।